रात का सुकून – Lo-Fi Bhajan 2 by ajeet

SongGPT
रात का सुकून – Lo-Fi Bhajan 2 by ajeet - Lo-Fi Chill Bhajan music cover art

रात का सुकून – Lo-Fi Bhajan 2

ajeet

Lo-Fi Chill Bhajan

0:003:32
Lyrics
Description
रातों में जब सनदा च्छाए, मन मेरा तुझ को ही गाए।
दीरे-दीरे नाम तेरा सांसों में बस जाए।
तेरी वक्ति काई रङ्ग घिहरा, हर दर्द में तो मेरा सहारा।
मनदिर की गंती बुंजे कही, दूब की कुश्बू महाखे हारा।
दीप की लाउं में छूपा है आसरा, मेरे दिल की तनहाई को खरे सवेरा।
हर सांसों में तेरी आदों का पानी, छुप के से बती हो जैसे जमीनों की रवाणी।
राम नामती दून में खो जाओं, तेरी चर्मों में मैं सो जाओं।
शाती निले इस दिल को इसे बस तेरा ही हो जाओं।
राम नामती दून में खो जाओं, तेरी चर्मों में मैं सो जाओं।
रात की चादर ओदोजे मुखरता है मन, मित जहां की कामोशी से संगू।
फूलों की महकर थोई थन भी हवा, तू साथ हो तो लगे सब कुछ सज़िवा।
तेरी वक्ती में दूबा अब ना सवेरा रहता, कागज पे जैसे बहता पानी मांजरा।
जैसे बता नरम कुहा सा उपर से मां, वो संदेसा में तेरे आवाज की गूंज है।
लाम लाम की धुन में को जाओ, तेरी चर्णों में मैं सो जाओ, शान्ती मिले इस इस कोई से बस तेरा ही बो जाओ।
रामना, रामना, रामना।
उपर से तेरी यदों की खांगली बढ़ती, मन की इंगलियों में सौंगी सी कुछ अब आती।
बारे से पहले सूरिज की पहले, तुमारे नाम से मांके मेरी जिन्दगी तू पचाओ।
रामनाम की घुल में खुग्याओ, तेरे चर्णू में मैं सुझाओ।
शान्ती मिले इस दिल कोई से बस तेरा ही हो जाओ।
रामनाम, रामनाम, रामनाम।
दीप जरे मंदिर में तेरी जीवती समाही, वाम तेरा लेते, लेते।
रूप को शान्ती आई, रामनाम।