खुशियाँ इस किताब में 2 by Nayeemul

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खुशियाँ इस किताब में 2 by Nayeemul - indie,female vocals music cover art

खुशियाँ इस किताब में 2

indie,female vocals

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Lyrics
Description
Verse 1:
कहीं से सुकून सा ढूंढ रहा था,
गुमनाम सड़कों पर चली हवा थी.
हर सुनसान शाम में तन्हा मुसाफिर,
हर चोट भुलाने की वजह ढूंढ रहा था.
Chorus:
तेरे इंतजार में रहते-रहते थक गया दिल,
हर खुशी तुझसे जुड़ी थी किताब में.
अब तो चाल भी थमी-थमी सी लगती है,
मुझको अब तुझसे ही जिन्दगी की वजह मिलती है.
Verse 2:
तेरी हर याद में रहते-रहते खो गया था,
धड़कनें भी तुझसे ही बंधी सी लगती थीं.
जब मिलन की पहली बार देखा तुझे,
हर दर्द भी प्यार में ढल गया था.
Bridge:
मुझे पहले सायों में धुंधला दिखा,
पर तुझमें जो पियरता है जिन्दगी की उमंग थी.
हिम्मत थी तो, फिर समझ ली थी,
इसी एहसास को कभी ना खोई.
Chorus (repeat):
जब से तेरी याद बुला दो फिर से खिला
रंग सा जोगी (मेरे) में,
जब-जब मेरी बातों में झांक जी उठे तेरे नाम,
हूँ खुशी-खुशी इस किताब में