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Mafia 1 by Najmul

SongGPT
Mafia 1 by Najmul - Hip Hop,male vocals music cover art

Mafia 1

Hip Hop,male vocals

0:003:46
Lyrics
Description
(Intro)
हवाओं में बदबू है, पर मेरा रास्ता साफ़,
नाम मेरा हवा में, पर दिल में सिर्फ़ जिराफ़।
मैं वो कहानी जो तुमने सुनी नहीं —
मेरा कानून मेरा खून, मेरा धर्म मेरी रीत।
(Verse 1)
रातें मेरी गवाहें, शहर के कोने बोलें,
सपनों के लिए जिया, बुरे वक़्त से नहोलें।
ना कोई दया मुझसे, ना कोई छल मुझपे बढ़े,
कदमों की थकान में भी मेरी उम्मीद सदा खड़े।
सिखाया मुझे जमाने ने, गिरना और उठना भी,
मैंने सीखा सम्मान से जीना, श्रेय सबको देना भी।
(Chorus)
कहो मुझे Mafia, पर सुनो मेरे अरमान,
हर ज़ख्म ने सिखाया, हर रात ने दी पहचान।
नाम में दम हो, पर दिल में इन्साफ़,
मैं चलता हूँ ख़ामोश, पर आवाज़ मेरे पास।
(Verse 2)
मेरा रस्ता कट्टर, पर आदतें साफ़ हैं,
किस्मत की रेखा पर मेरी उम्मीदें सॉफ्ट हैं।
रिश्ते बिकते नहीं, यहाँ वादे चमकते हैं,
पर मैं वो नहीं जो अपने ही शब्द दमकते हैं।
कभी खाली जलेबी-ख्वाब, कभी प्याज़-सी कड़वाहट,
हर चुनाव पे मेरा ठहराव, हर मोड़ पे मेरी सच्चाई।
(Bridge)
ना मैं किसी की सेनापति, ना कोई ठग-शासक,
बस एक आदमी जो अपने साये से करता हिसाब।
इज़्ज़त है मुद्रा, वफ़ा है बंदिश,
मेरे दिए हुए वादे, निभते हैं जैसे रीतिश।
(Verse 3)
बातें जो करूँ खामोश, उनका असर गहरा,
दिखावे की दुनिया में मैं रुकता नहीं, करता बहरा।
भाई का हाथ सही, दुश्मन का चेहरा झूठा,
नफरत की आग में भी मेरा प्यार सच्चा।
मंज़िल से बड़ा सफ़र, रिश्तों से बड़ा कानून,
मैं वो Mafia जो बनता नही, बस