Create New Playlist

Add a cover pic of your own choice

(Optional)

Name

AI Cover Generator

4 credits

Not enough credits (0/4).

Logout

Are you sure you want to Logout?

Close

एक तरफा मोहब्बत 2 by Aryav

SongGPT
एक तरफा मोहब्बत 2 by Aryav - bollywood,male vocals music cover art

एक तरफा मोहब्बत 2

bollywood,male vocals

0:003:38
Lyrics
Description
(verse)
रोज़ सुबह जब तुम नज़र आती हो
मेरी दुनिया वहीं ठहर जाती है
तुम्हारी बिखरी ज़ुल्फ़ें, तुम्हारी वो मुस्कान
मेरे जीने का बन गया है सामान
मुझे पता है तुम मुझे देखती भी नहीं
मेरी मौजूदगी को गिनती भी नहीं
(chorus)
पर ये दिल है कि मानता ही नहीं
तुम्हारे सिवा कुछ जानता ही नहीं
ये एक तरफा है मेरी मोहब्बत का सफ़र
मैं करता हूँ तुम्हारी खामोशी में फ़िकर
तुम बेखबर हो, और यही शायद सही है
मेरी परवाह सिर्फ मेरे लिए ही बनी है
(verse)
जब तुम परेशान कभी लगती हो
मेरी हर दुआ बस तुम्हारे लिए होती है
सोचता हूँ पूछ लूँ, "क्या सब ठीक तो है?"
पर हक़ नहीं मेरा, ये दिल भी जानता है
मैं दूर से ही तुम्हारे हँसने का इंतज़ार करता हूँ
अपने आप से ही तुम्हारी बातें हज़ार करता हूँ
(chorus)
क्योंकि ये दिल है कि मानता ही नहीं
तुम्हारे सिवा कुछ जानता ही नहीं
ये एक तरफा है मेरी मोहब्बत का सफ़र
मैं करता हूँ तुम्हारी खामोशी में फ़िकर
तुम बेखबर हो, और यही शायद सही है
मेरी परवाह सिर्फ मेरे लिए ही बनी है
(bridge)
शायद कभी तुम जान भी जाओगे
तो क्या मुझे पहचान पाओगे?
या एक अजनबी का पागलपन कहकर
मुस्कुरा कर आगे बढ़ जाओगे?
इस डर से मैं चुप रहता हूँ
बस तुम्हें सोचता रहता हूँ
(chorus)
क्योंकि ये दिल है कि मानता ही नहीं
तुम्हारे सिवा कुछ जानता ही नहीं
ये एक तरफा है मेरी मोहब्बत का सफ़र
मैं करता हूँ तुम्हारी खामोशी में फ़िकर
तुम बेखबर हो, और यही शायद सही है
मेरी प